
कटनी:( डीठवारा) फागुन का महीना , रोजगार पर संकट और बेतहासा महंगाई गरीबों के लिए कोई असुर से कम नहीं। ऐसे में सरकार से मिलने वाला राशन ही इन मेहनतकश मजदूरों का सहारा है ।लेकिन इस पर भी कन्हवारा (दिठवारा) शासकीय दुकान के विक्रेता की नजर पड़ गई और होना क्या था कोटेदार दिठवारा में हितग्राहियों को 50 किलो अनाज की जगह 47 किलो ही पकड़ा रहा। इतना ही नहीं कोटेदार प्रति कार्ड धारकों से 2 किलो अनाज प्रति माह कटौती कर रहे है । ऐसा नहीं की इसमें फायदा केवल विक्रेता को है ऊपर तक के सिस्टम शामिल है । ये बात आए दिन कोटे में होती रहती है की गोदाम से ही 2से 3 किलो प्रति बोरी कटौती कर ली जाती है । ऐसे में उन्हें कम राशन देना मजबूरी हो जाती है। सरकार की लाख कोशिश के बावजूद वितरण प्रणाली में सुधार नहीं होता नजर आ रहा। कार्डधारीयों भानु, अमित विश्वकर्मा, कमलेश चौधरी, तज्जू ने बताया कि इसकी शिकायत की गई परंतु कोई कार्यवाही नहीं हुई। इसलिए कोटेदार जितना देता है चुपचाप लेना पड़ता हैं।
रिपोर्टर संदीप शर्मा कटनी

More Stories
जमुआनी कला में अवैध खनन पर माइनिंग विभाग की बड़ी दबिश, पोकलेन छोड़कर भागा ऑपरेटर 5 साल से बंद खदान में चल रहा था खेल, जांच में खुलेंगे बड़े नाम खनिज विभाग सख्त
उद्योग विभाग में ‘बाबू’ बना बॉस! समय-नियम बेबस, दफ्तर में चलता ‘आराम तंत्र
कटनी में अवैध खनन का बड़ा खेल: पढ़रेही–जमुआनि में दिन-दहाड़े उत्खनन, प्रशासन पर मिलीभगत के आरोप महीनों से जारी लाइमस्टोन खनन, भारी मशीनों और डंपरों की आवाजाही—खनिज विभाग की चुप्पी पर उठे गंभीर सवाल