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Dharmendra Singh

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July 25, 2026

सच दिखाने की हिम्मत

 

*जर्जर स्कूल भवन कर रहा हादसे का इंतजार,बारिश में टपकती छत के बीच पढ़ने को मजबूर मासूम

सरदारपुर से राहुल राठौड़

सरदारपुर- लाबरिया सरकार द्वारा विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए साइकिल, निःशुल्क गणवेश, मध्यान्ह भोजन सहित अनेक योजनाएं संचालित की जा रही हैं, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में कई विद्यालय आज भी जर्जर भवनों में संचालित होने को मजबूर हैं। ऐसा ही मामला प्राथमिक विद्यालय बोरदी कला का सामने आया है, जहां मासूम बच्चे वर्षों पुराने खस्ताहाल भवन में पढ़ाई करने को विवश हैं।

बरसात के मौसम में विद्यालय की छत जगह-जगह से टपक रही है, जबकि दीवारों का प्लास्टर लगातार झड़ रहा है। कई स्थानों पर सरिया बाहर निकल आया है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है। बच्चों और शिक्षकों में हर समय दुर्घटना का डर बना रहता है।

ग्रामीणों एवं शिक्षा समिति के सदस्यों ने बताया कि विद्यालय के नवीन भवन निर्माण की मांग को लेकर कई बार ग्राम पंचायत सरपंच एवं संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों का कहना है कि ऐसा प्रतीत होता है मानो प्रशासन किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार कर रहा हो।

विद्यालय में कक्षा पहली से पांचवीं तक के विद्यार्थियों की पढ़ाई होती है तथा यहां तीन शिक्षकों का स्टाफ पदस्थ है। भवन की गंभीर स्थिति को देखते हुए फिलहाल बच्चों को विद्यालय के समीप स्थित मांगलिक भवन में बैठाकर पढ़ाई कराई जा रही है।

अभिभावकों ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि बच्चों की सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण है। ऐसे में शीघ्र नए विद्यालय भवन का निर्माण कराया जाना चाहिए, ताकि नौनिहाल सुरक्षित वातावरण में शिक्षा प्राप्त कर सकें।

विद्यालय के प्राचार्य लाभु चारण ने बताया कि विद्यालय भवन की जर्जर स्थिति से ग्राम पंचायत सहित संबंधित उच्च अधिकारियों को कई बार पत्राचार के माध्यम से अवगत कराया जा चुका है। इसके बावजूद अब तक कोई समाधान नहीं निकला है।

ग्रामीणों ने प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों से मांग की है कि बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए जर्जर भवन को हटाकर तत्काल नवीन विद्यालय भवन का निर्माण कराया जाए, ताकि किसी संभावित दुर्घटना से पहले ही समस्या का स्थायी समाधान हो सके।