*पत्नी गई मायके, तो पति चढ़ गया टावर पर, चिला चिला के गांव वालों से बोला- मेरे प्यार को बुला दो, वरना में दे दूंगा अपनी जान…*।
मध्यप्रदेश के खरगोन से एक अजीब और गरीब से मामला प्रकाश में आया है, जहां माईके जाने के चक्कर में पागल- आशिक पति नाराज होकर हाईटेंशन टॉवर पर चढ़ गया। टॉवर पर चढ़ते ही उसका पैर फिसल गया। मौके पर स्थानीय लोगों ने उसे जिला अस्पताल पंहुचाया। बताया जा रहा है कि हालत काफी गंभीर है।

दरअसल, शनिवार यानि कि 30 जुलाई 2022 को मध्यप्रदेश के जिले खरगोन में गुस्से स् पिंटू नाम का व्यक्ति पैर फिसले के कारण गिर गया। युवक की पत्नी मायके से समय पर नहीं वापस आई, तो वह नाराज होकर हाईटेंशन टॉवर पर ही चढ़ गया। टॉवर पर चढ़ने के दौरान उसका पैर फिसला और देखते ही देखते वह 60 फीट ऊंचाई से नीचे गिर गया। जिसके बाद युवक को आन्न-फान्न में जिला अस्पताल के ICU में भर्ती काराया गया है, जहां डॉक्टर ने उसकी हालत को गंभीर बताया है।
आपको बता दें कि पिंटू मजदूरी करता है। ग्राम घोटिया में पिंटू का साढ़ू प्रवीण रहता है। शनिवार को पिंटू उसी की बाइक लेकर फिर से नागलवाड़ी गया था। लेकिन उसकी पत्नी ने आने से इंकार कर दिया। ये बात पिंटू को पसंद नहीं आई। इसके बाद वह नशे में धुत होकर घोटिया गांव के खेत में लागे हाईटेंशन लाइन के टॉवर पर चढ़ गया। लोगों ने जब पिंटू को चढते देखा तो तुरंत उसे उतारने के लिए दौडे, लेकिन तब तक वह टॉवर पर ही चढ़ गया था। उसे उतरने के लिए कहा गया तो उसने मना कर दिया। जिसके बाद परिजनों ने पुलिस को भी सूचना दी। पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
पुलिस ने भी उसे नीचे उतरने के लिए कहा, लेकिन उसने एक नहीं सुनी। इसी दौरान टॉवर से उसका पैर फिसल गया और वह अनियंत्रित होकर वह नीचे गिर गया।
जानकारी देते हुए उसकी बहन ललिता ने बताया कि पिंटू ने पारिवारिक विवाद के चलते यह कदम उठाया है। जिला अस्पताल के डॉक्टर चेतन पटोदे ने कहा कि युवक के सिर-हाथ में गंभीर चोट आई है। वह आईसीयू में भर्ती है। तो वहीं पिंटू की मां गंगा बाई का कहना है, कि बेटे की पत्नी रीना 10 दिन पहले मायके नागलवाड़ी गई थी। मायके लेने पिंटू आपनी बीवी को लेने गया था, लेकिन उसकी पत्नी ने आने से मना कर दिया।

More Stories
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने किया दस्तक अभियान का शुभारंभ
महाशिवरात्रि पर्व बड़े धूमधाम से मनाया शिव की भक्ति लीन*
माता पिता का ऋण हम जिवन पर्यन्त नही उतार सकते- पंडित पाठक