Chief Editor

Dharmendra Singh

Office address -: hanuman colony gole ka mandir gwalior (m.p.) Production office-:D304, 3rd floor sector 10 noida Delhi Mobile number-: 9806239561, 9425909162

April 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
27282930  
April 7, 2026

सच दिखाने की हिम्मत

पं संदीप शर्मा रिपोर्टर

कलेक्टर के कुशल मार्गदर्शन और सतत मॉनिटरिंग से जिले में सफल हुआ अभियान

जिले के स्वास्थ्य और महिला एवं बाल विकास के मैदानी अमले को कलेक्टर ने दिया श्रेय
===================
कटनी – प्रदेश में कुपोषण की स्थिति का पता लगाने और 5 वर्ष तक के बच्चों की जांच कर उनमें विभिन्न बीमारियों का पता लगाकर उनके इलाज के लिए उचित प्रबंध करने के उद्देश्य को लेकर राज्य सरकार 18 जुलाई से 31 अगस्त तक समूचे प्रदेश में चलाए गए दस्तक अभियान का कटनी जिला प्रशासन द्वारा प्रभावी और सफल क्रियान्वयन किया गया। कलेक्टर कटनी श्री अवि प्रसाद के कुशल मार्गदर्शन और सतत मॉनिटरिंग के चलते कटनी जिला प्रदेश के 10 अग्रणी जिलों में शामिल होकर छठवॉं स्थान हासिल किया है।

*डेढ़ लाख से अधिक बच्चों की हुई जांच*

दस्तक अभियान के तहत जिले में कलेक्टर श्री प्रसाद के मार्गदर्शन में स्वास्थ्य विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग के द्वारा संयुक्त रूप से इस अभियान का संचालन किया गया। एएनएम, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के संयुक्त दल द्वारा जिले में घर घर जाकर नवजात शिशुओं से लेकर 5 वर्ष तक के बच्चों के स्वास्थ्य की विभिन्न पैरामीटर अनुसार जांच की गई। जिले में 5 वर्ष तक के 154385 बच्चों के स्वास्थ्य की जांच का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। जिसमें दस्तक अभियान के जांच दलों द्वारा जिले के सभी 996 गांवों में घर घर पहुंच कर लक्ष्य के विपरीत कुल 149068 बच्चों कुल 97 प्रतिशत बच्चों की स्क्रीनिंग की गई, जिनमें से 147119 बच्चों को डिजिटाइज्ड किया गया।

*ओवरऑल हासिल किए 81 अंक*

राज्य सरकार द्वारा दस्तक अभियान के सफल क्रियान्वयन को लेकर समस्त जिलों को निर्देशित किया गया था, साथ ही जांच के विभिन्न आयामों जिनमें बच्चों की स्क्रीनिंग, डिजिटाइजेशन, विभिन्न जांचों, बच्चों को विटामिन ए सप्लीमेंट्स पिलाने, टीकाकरण में छूट गए बच्चों की जानकारी लेने सहित अतिकुपोषित और कुपोषित बच्चों का पता लगाकर उन्हें इलाज के लिए एनआरसी में दाखिल कराने के लिए निर्देशित कर प्रत्येक श्रेणी में क्रियानवन के लिए अधिकतम 100 अंक निर्धारित किए गए थे। जिनमें से सभी आयामों में जिले द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन किया गया। विटामिन ए सप्लीमेंट्स पिलाने में जिले ने लक्ष्य के विपरीत 104 फीसदी बच्चों को जहां सप्लीमेंट्स उपलब्ध कराए वहीं कुपोषित बच्चों की जांच में भी जिले ने लक्ष्य से अधिक बच्चों को खोज निकाला। सभी श्रेणियों में अपने उत्कृष्ट क्रियान्वयन और प्रदर्शन से जिले ने समूचे प्रदेश के जिलों के बीच ओवरऑल 81 अंक अर्जित कर प्रदेश में छठवॉ स्थान अर्जित किया।

*कलेक्टर ने की अभियान की साप्ताहिक समीक्षा*

18 जुलाई से 31 अगस्त तक प्रदेश भर में चले इस दस्तक अभियान के तहत जिले में इसके सफल संचालन के लिए कलेक्टर श्री प्रसाद द्वारा समय समय पर बैठकों का आयोजन कर स्वास्थ्य विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों को कुशल मार्गदर्शन और निर्देश दिए गए। साथ ही अभियान की स्वयं निरंतर मॉनिटरिंग कर इसकी वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए साप्ताहिक समीक्षा भी कलेक्टर श्री प्रसाद द्वारा की गई। जिसके परिणाम स्वरूप इस अभियान में दोनों ही विभागों की मैदानी टीम ने दस्तक अभियान को सफल बनाने जी तोड़ मेहनत की। प्रदेश में 6वा स्थान हासिल करने पर कलेक्टर श्री प्रसाद ने इसका श्रेय जिले के स्वास्थ्य विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग की मैदानी टीम सहित उनके अधिकारियों को देते हुए कहा कि भविष्य में और अधिक प्रयास कर हमें प्रथम स्थान हासिल करने पर ध्यान केंद्रित करना होगा।

*बाल मृत्यु में कमी लाने के लिए चलाया गया अभियान*

उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत बाल मृत्यु में कमी लाने के लिए यह अभियान चलाया गया। इसके तहत गंभीर एनीमिया, कुपोषण, जन्मजात विकृतियां एवं वृद्धि विलंब और अन्य गंभीर बीमारियों से पीड़ित बच्चों की पहचान की गई। वहीं जांच के दौरान टीकाकृत और टीकाकरण से छूटे बच्चों की भी जानकारी ली गई।