Chief Editor

Dharmendra Singh

Office address -: hanuman colony gole ka mandir gwalior (m.p.) Production office-:D304, 3rd floor sector 10 noida Delhi Mobile number-: 9806239561, 9425909162

April 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
27282930  
April 26, 2026

सच दिखाने की हिम्मत

ब्यूरो चीफ संतोष प्रजापति

माननीय विशेष न्याडयाधीश अनन्य विशेष न्यारयालय लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 (पॉक्सोय एक्ट ) बैतूल ने नाबालिग बालिका के साथ जबरदस्ती दुष्क र्म करने वाले आरोपी दीनू पिता मुन्नायलाल लोहार, उम्र-23 वर्ष, निवासी थाना झल्लाीर, जिला-बैतूल को धारा 376(3) भा.द.वि. में दोषी पाते हुये बीस वर्ष के सश्रम कारावास एवं 2000/- (दो-दो हजार रूपये) के जुर्माना एवं धारा 3(2)(v) एट्रोसिटी एक्टा सहपठित धारा 376 भा.द.वि. में दोषी पाते हुये आजीवन कारावास एवं 2000/- के जुर्माने से दण्डित किया गया। प्रकरण में मध्यषप्रदेश शासन की ओर से जिला अभियोजन अधिकारी श्री एस.पी.वर्मा विशेष लोक अभियोजक श्री ओमप्रकाश सूर्यवंशी के द्वारा उत्कृअष्टा पैरवी की गयी। घटना का संक्षिप्ता विवरण इस प्रकार है कि पीडिता ने दिनांक 14.05.2018 को आरक्षी केन्द्र झल्लासर, जिला बैतूल में एक लेखीय आवेदन पत्र इस आशय का पेश किया कि वह दिनांक 12.05.2018 दिन शनिवार को सहेली के साथ शौच करने पास के ही खेत में रात्रि 09:00 बजे गई थी, तभी गांव का आरोपी दीनू पिता मुन्ना ‍लाल लोहार आया और उसने पीडिता को पकड लिया, उसी समय पीडिता की सहेली वहां से भाग गई, फिर आरोपी दीनू लोहार ने फरियादिया की मर्जी के बिना उसके साथ जबरदस्तील बलात्का,र किया और बोला कि यदि यह बात किसी को बताई तो वह उसे जान से खतम कर देगा उसके पश्चाीत दीनू वहां से भाग गया, पीडिता ने उसके घर जाकर उसके माता-पिता को घटना की सारी बात बताई । पीडिता आरोपी को पहले से जानती थी एवं आरोपी दीनू भी यह जानता था कि फरियादिया/पीडिता कोरकू समाज की होकर अनुसूचित जनजाति से है । फरियादिया के द्वारा प्रस्तुित लिखित शिकायती आवेदन पत्र के आधार पर से आरोपी के विरूद्ध थाना झल्ला र में प्रथम सूचना रिपोर्ट लेखबद्ध कर अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया । आवश्यपक अनुसंधान उपरांत अभियोग पत्र माननीय न्याधयालय के समक्ष विचारण हेतु प्रस्तुरत किया गया। विचारण में अभियोजन ने मामलें संदेह से परे प्रमाणित किया, जिसके आधार पर न्याषयालय द्वारा आरोपी को दोषी पाते हुये आजीवन कारावास एवं जुर्माने से दण्डित किया गया ।