
न्यूज़ 24X 7 इंडिया
रिर्पोट= निर्मला सिंह ब्यूरो प्रमुख जिला अनूपपुर एमपी
राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुशंसा अनुसार विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास एवं बेहतर भविष्य की तैयारी
राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुशंसा अनुसार विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास एवं बेहतर भविष्य की तैयारी के लिए 21वीं सदी के कौशल विकास पर जोर दिया जाना अवश्य है जिससे विद्यार्थी में विषय ज्ञान के साथ जीवन जीने के लिए महत्वपूर्ण कौशल जैसे टीम वर्क, समस्या समाधान, रचनात्मक सोच, लीडरशिप आदि का विकास भी हो सके। जनजातीय कार्य विभाग मध्यप्रदेश एवं पीरामल फाउंडेशन के सहयोग से इस आकलन को प्रदेश के आदिवासी विभाग के अंतर्गत आने वाली 12 जिले के 528विद्यालयों में संपन्न किया जाना है। जिसका प्रमुख उद्देश्य विद्यार्थियों के कौशल विकास के स्तर एवं शिक्षकों में समझ बनाना है।जिले के जनजातीय कार्य विभाग के सहायक संचालक अशोक शर्मा ने बताया कि अनुपपुर जिले के 4 ब्लॉक के 37 विद्यालयों को रैंडम सैंपलिंग के माध्यम से इस आकलन के लिए चयनित किया गया है। इन चयनित विद्यालयों के 2775 विद्यार्थीयों का आकलन किया जाएगा। शिक्षकों ने आकलन संबंधित जानकारी साझा करते हुए बताया कि विभाग द्वारा जारी किए गए निर्देश अनुसार एवं सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग के मार्गदर्शन में विद्यालयों को आकलन सामग्री उपलब्ध करा दी गई है एवं 15 व 16 मार्च को इस आकलन को विद्यालय स्तर पर आयोजित किया गया है।बताया गया कि इस आकलन प्रक्रिया में दो तरह के आकलन टूल का प्रयोग किया जा रहा है, जिससे विद्यार्थियों के लिए अवश्य महत्वपूर्ण कौशल एवं सोशल इमोशनल वेलबीइंग के स्तर को समझा सके। इस पूरी प्रक्रिया के सफल क्रियान्वयन के लिए पीरामल टीम के गांधी फैलो शुभांगी कुमारी, स्वाती रानी , एवं पीरामल फाउंडेशन के प्रोग्राम लीडर रूमान खान द्वारा जनजातीय कार्य विभाग सहायक चयनित विद्यालयों का भ्रमण कर आकलन प्रक्रिया का अवलोकन किया है।

More Stories
अर्जुनपुरा-कछपुरा बजरिया में आस्था का सैलाब: 30 युवाओं ने एक साथ उठाई विशाल कांवड़, 1,11,000 पाले चढ़ाकर रचा इतिहास
बरुआ सागर: सिद्ध पीठ मनसल माता के आंगन में गूंजी शहनाइयां; 151 कन्याओं के सामूहिक विवाह में उमड़ा जनसैलाब
चैतमा स्थित निर्माणाधीन चिकित्सक आवास का कलेक्टर ने किया निरीक्षण